ब्यूरो चीफ : अनिल सिंघानिया
थानखम्हरिया। समीप ग्राम लोधीकापा में आयोजित संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा सप्ताह ज्ञान यज्ञ में कथा व्यास महंत श्री गोपालशरण देवाचार्य जी महाराज ने भगवान विष्णु के राम अवतार, कृष्ण अवतार एवं वामन अवतार की लीलाओं का विस्तारपूर्वक वर्णन किया। कथा के दौरान पांडाल श्रद्धालुओं की तालियों एवं जयकारों से गूंज उठा।
कथा व्यास ने कहा कि जब-जब पृथ्वी पर अत्याचार, दुराचार एवं पाप बढ़ता है, तब-तब भगवान धर्म की स्थापना एवं अधर्म के नाश हेतु अवतार लेते हैं। श्रीकृष्ण जन्म प्रसंग में बताया गया कि मथुरा में राजा कंस के अत्याचारों से त्रस्त होकर पृथ्वी की करुण पुकार सुन भगवान श्रीकृष्ण ने देवकी के अष्टम पुत्र के रूप में जन्म लेकर कंस का अंत किया तथा धर्म और प्रजा की रक्षा की।
उन्होंने कहा कि जीवन में भागवत कथा सुनने का सौभाग्य अत्यंत दुर्लभ होता है। जब भी ऐसा अवसर मिले, उसका सदुपयोग करना चाहिए। कथा तभी सार्थक होती है जब मनुष्य उसके बताए मार्ग पर चलकर परमार्थ एवं सेवा का कार्य करे।
कृष्ण जन्मोत्सव अवसर पर “आनंद भयो जय कन्हैयालाल की, हाथी घोड़ा पालकी जय कन्हैयालाल की” सहित अनेक भजनों से श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। भगवान श्रीकृष्ण एवं वासुदेव जी की आकर्षक झांकी ने श्रोताओं का मन मोह लिया। श्रद्धालुओं ने भगवान का पूजन-अर्चन कर माखन-मिश्री का भोग अर्पित किया। नंदोत्सव के दौरान महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं ने जमकर नृत्य किया तथा भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप की आरती उतारकर मिठाई, फल एवं फूल वितरण कर उत्सव मनाया।

चौथे दिवस कथा में भगवान विष्णु के अवतारों की महिमा बताते हुए महाराज श्री ने कहा कि भगवान के अवतार राक्षसों के अंत एवं भक्तों की रक्षा के लिए होते हैं। वामन अवतार ने राजा बलि के अहंकार का नाश किया, रामावतार में रावण का विनाश हुआ तथा कृष्णावतार में कंस के अत्याचार समाप्त हुए।
कार्यक्रम में साजा विधायक ईश्वर साहू एवं पूर्व विधायक व पूर्व कृषि मंत्री रविंद्र चौबे शामिल हुए और कथा श्रवण कर धर्मलाभ लिया। इस दौरान दोनों जनप्रतिनिधियों के आगमन से श्रद्धालुओं एवं कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल रहा।
कार्यक्रम के मुख्य जजमान मनोज कुमार वर्मा, रविंद्र कुमार वर्मा, सुरेश कुमार, श्रीमती इंद्राणी, अजय कुमार, श्रीमती रानी, बसंत कुमार, श्रीमती शैल्यू, विकास कुमार, श्रीमती दिशा एवं सोनू पटेल उपस्थित रहे। यह आयोजन स्वर्गीय राजेंद्र कुमार वर्मा के वार्षिक श्राद्ध के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामवासी एवं आसपास ग्रामीण अंचल के श्रद्धालु उपस्थित रहे।




