छावनी थाना क्षेत्र के दोनों भाइयों ने ऑनलाइन जॉब का झांसे में आकर फर्जीवाड़े का शिकार हो गए। दोनों भाइयों ने मिलकर कई लोगों को ठगी के वारदात को अंजाम दिया है। यूपी पुलिस ने दोनों भाई अंडे का ठेला लगाते थे, जहां से 11 सितंबर की रात को दोनों को हिरासत लेकर अपने साथ लेकर गई।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के छावनी थाना क्षेत्र के दो सगे भाई ऑनलाइन जॉब के झांसे में आकर फर्जीवाड़े में फंस गए और खुद भी कई लोगों को ठगी का शिकार बना डाला। यूपी पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर आंबेडकर नगर जिले के राजे सुल्तानपुर ले गई है, जहां उनके खिलाफ धोखाधड़ी के मामले दर्ज हैं।
छावनी थाना क्षेत्र के दोनों भाइयों ने ऑनलाइन जॉब का झांसे में आकर फर्जीवाड़े का शिकार हो गए। दोनों भाइयों ने मिलकर कई लोगों को ठगी के वारदात को अंजाम दिया है। यूपी पुलिस ने दोनों भाई अंडे का ठेला लगाते थे, जहां से 11 सितंबर की रात को दोनों को हिरासत लेकर अपने साथ लेकर गई। यूपी पुलिस ने इसकी जानकारी स्थानीय पुलिस को नहीं थी।
शहर में दोनों भाइयों का अपरहण की अफवाह उड़ गया। पुलिस ने आनन फानन में अपहरण का मामला दर्ज का पतासाजी में जुट गई थी, लेकिन शाम को स्थानीय पुलिस को जानकारी मिली कि दोनों भाइयों का अपहरण नहीं हुआ है। जबकि यूपी पुलिस धोखाधड़ी के मामले में उत्तरप्रदेश जिला आंबेडकर नगर राजे सुलतानपुर लेकर गई है जहां कंपनी खिलाफ अपराध दर्ज है।
जानकारी के अनुसार पिछले 5 महीने से एक भाई बी फॉर एफ माइक्रो फाइनेंस कंपनी से जुड़े हुए थे। और यूपी में कंपनी के खिलाफ दो मामला दर्ज है। इस मामले में दोनों भाई शुभम शाह और विष्णु शाह को गिरफ्तार कर ले गई है। विष्णु शाह को फर्जी कंपनी ने छग का एचआर हेड बनाया था जिसके बाद विष्णु मोबाइल के माध्यम से जॉब के लिए इंटरव्यू लेना और रिपोर्ट बनकर कंपनी को भेजने का काम करता था जबकि पैसे का लेन देन उसके पास नहीं था।
अरेबियन कंपनी लोगों को विदेश भेजने के नाम पर ठगी करता था। इसी मामले में यूपी पुलिस विष्णु शाह को गिरफ्तार करने पहुंची थी जिसका विरोध उसका छोटा भाई शुभम शाह ने किया तो उसे भी पकड़कर अपने साथ ले गई। विष्णु शाह बीई और शुभम शाह पॉलिटेक्निक से इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुका है।



