Home छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष पर मुख्य न्यायाधीश के संदेश...

छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष पर मुख्य न्यायाधीश के संदेश का प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश महोदया ने किया वाचन

40
0

बेमेतरा – आज 01 नवंबर को जिला न्यायालय के लिए अत्यंत विशेष एवं गौरवपूर्ण रहा। छत्तीसगढ़ राज्य ने अपनी स्थापना के 25 वर्ष (रजत जयंती वर्ष) की ऐतिहासिक उपलब्धि प्राप्त की, इस अवसर पर न्यायालय परिसर बेमेतरा में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती सरोज नन्द दास ने छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर के मुख्य न्यायाधीश श्री न्यायामूर्ति रमेश सिन्हा द्वारा रजत जयंती पर दिए गए संदेश का वाचन किया, जिसमें मुख्य न्यायाधीश द्वारा समस्त छत्तीसगढ़ वासियों को राज्य स्थापना दिवस के इस गौरवशाली अवसर पर हृदय से बधाई और शुभकामनाएं देते हुए, छत्तीसगढ़ राज्य में उत्कृष्ट न्यायपालिका के निर्माण में योगदान देने वाले सभी सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए यह संदेश दिया है कि छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय ने अपने प्रशासन द्वारा न्याय व्यवस्था को सुदृढ़ बनाते हुए लंबित मामलों को उल्लेखनीय रूप से कम किया है और न्यायिक अवसंरचना को सशक्त किया है, जिससे न्याय को मजबूती मिली है। विशेष रूप से जनहित के विषयों में स्वतः संज्ञान लिया जाकर नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा एवं उत्कृष्ट न्याय का प्रयास किया जा रहा है। यह उपलब्धि उत्कृष्टता और सुधार के प्रति उच्च न्यायालय की प्रतिबद्धता का गौरवपूर्ण प्रतीक बने, और सभी के लिए न्याय, समानता तथा सम्मान के प्रति हमारी सतत् प्रयास में प्रेरणा देता रहे।
इस उल्लास के अवसर पर कार्यक्रम का शुभारंभ राजकीय गीत के साथ किया गया तथा प्रधान जिला न्यायाधीश ने अपने संबोधन में कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य ने अपने 25 वर्षों की यात्रा में न्यायिक, प्रशासनिक एवं सामाजिक क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है। न्यायपालिका का उद्देश्य केवल निर्णय देना नहीं, बल्कि समाज में न्याय के प्रति विश्वास और पारदर्शिता को सुदृढ़ करना भी है। उक्त कार्यक्रम में समस्त न्यायिक अधिकारीगण, अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष, न्यायिक कर्मचारीगण एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के समस्त कर्मचारीगण उपस्थित रहे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here