नरेन्द्र कुमार सेन
गरियाबंद, / राज्य मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष गिरिधारी नायक ने आज अचानक सिटि कोतवाली गरियाबंद पहुँचकर पुलिस कार्यप्रणाली, शिकायत निवारण व्यवस्था और थाने में आने वाले आम नागरिकों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की वास्तविक स्थिति जानकारी ली। उन्होंने वहाँ की अभिलेख व्यवस्था, हथियार कक्ष, मालखाना तथा थाने की सुरक्षा प्रणाली का अवलोकन किया। उन्होंने रजिस्टरों की जांच की और अपराधों से संबंधित अभिलेखों, पंजीकरण की स्थिति तथा जनशिकायतों के निवारण प्रक्रिया के बारे में जानकारी ली। उन्होंने कहा कि पंजीकरण में किसी प्रकार की देरी या अनावश्यक बाधा नहीं आनी चाहिए तथा आम नागरिकों को न्याय दिलाने में पारदर्शिता और संवेदनशीलता होनी चाहिए।
श्री नायक ने पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी प्रकरणों की सुनवाई समयबद्ध और निष्पक्ष तरीके से करें। उन्होंने पुलिसकर्मियों को कानून-व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने महिला शिकायतों के निवारण में त्वरित कार्रवाई, परामर्श सुविधा और कानूनी सहायता को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।
उन्होंने लॉकअप का निरीक्षण करते हुए बंदियों की स्थिति, सुरक्षा व्यवस्था और मानवाधिकारों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हिरासत में लिए गए व्यक्तियों के साथ किसी भी प्रकार की अमानवीयता या अधिकारों का हनन बर्दाश्त नहीं होनी चाहिए। लॉकअप में स्वच्छता, रोशनी, पानी, स्वास्थ्य सुविधा और भोजन व्यवस्था को मानक अनुसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि पुलिस को नागरिकों की सुरक्षा और न्याय प्रदान करना है। इसलिए कानून-व्यवस्था के साथ-साथ मानवीय संवेदनाओं को भी प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उन्होंने थाना प्रभारी को सभी लंबित मामलों की समीक्षा कर त्वरित निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।




