खबर 2..नरेन्द्र कुमार सेन गरियाबंद
सुपेबेड़ा क्षेत्र में खुशी की लहर
गरियाबंद / जिले के देवभोग विकासखंड अंतर्गत सुपेबेड़ा गांव में वर्षों से किडनी रोग की गंभीर समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। मुख्यमंत्री द्वारा सुशासन तिहार 2026 के तहत आयोजित समीक्षा बैठक में तेल नदी पर प्रस्तावित एनीकट निर्माण कार्य को लगभग 7 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान करने की घोषणा की गई है।
सुपेबेड़ा क्षेत्र में दूषित पेयजल के कारण बड़ी संख्या में ग्रामीण किडनी रोग से प्रभावित हुआ करता था। पिछले वर्षों में कई लोगों की असामयिक मृत्यु भी हो चुकी है। समस्या के समाधान के लिए जिला प्रशासन द्वारा फ्लोराइड एवं आर्सेनिक रिमूवल सहित विभिन्न उपाय किए जा रहे हैं। वहीं लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा सुपेबेड़ा समूह जल प्रदाय योजना के अंतर्गत इंटेक वेल, पाइपलाइन एवं अन्य आवश्यक संरचनाओं का निर्माण कार्य भी कराया जा रहा है। सतही जल की स्थायी उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जल संसाधन विभाग द्वारा ग्राम सेन्दमुड़ा के समीप तेल नदी पर एनीकट निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया गया था, जिसे वर्ष 2025-26 के बजट में शामिल किया गया है। प्रस्तावित एनीकट की लंबाई 275 मीटर तथा ऊंचाई 3 मीटर होगी, जिससे लगभग 0.405 एमसीएम जल का संग्रहण संभव होगा।
परियोजना के पूर्ण होने से सुपेबेड़ा समूह जल प्रदाय योजना को वर्ष भर सतही जल उपलब्ध हो सकेगा। इससे पेयजल आपूर्ति सुदृढ़ होने के साथ-साथ क्षेत्र में भू-जल स्तर में वृद्धि, सिंचाई सुविधाओं का विस्तार तथा कृषि एवं उद्यानिकी कार्यों को भी लाभ मिलेगा। इंटेक वेल के आसपास वर्ष भर नमी एवं जलभराव बने रहने से भू-जल पुनर्भरण को भी बढ़ावा मिलेगा।




