160 गौवंशों के लिए नवीन शेड का लोकार्पण
रायपुर, । ग्राम तर्रा स्थित अग्र सेवा गौशाला में नवनिर्मित मंदिर का चार दिवसीय मूर्ति स्थापना एवं प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव दिनांक 28 जून से 01 जुलाई 2026 तक वैदिक मंत्रोच्चार, धार्मिक विधि-विधान एवं भक्तिमय वातावरण में अत्यंत श्रद्धा, उल्लास एवं आध्यात्मिक गरिमा के साथ सम्पन्न हुआ। महोत्सव के दौरान गणेश पूजन, भव्य कलश यात्रा, वेदी पूजन, विभिन्न अधिवास, अभिषेक, नेत्रोन्मीलन, शिखर प्रतिष्ठा, हवन, देव प्रतिष्ठा, पूर्णाहुति, महाआरती, ब्राह्मण भोज, कन्या भोज एवं विशाल प्रसादी भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में आजीवन सदस्य, दानदाता, गौभक्त एवं श्रद्धालु सहभागी बने।
इस अवसर पर अग्र सेवा गौशाला मंदिर का विधिवत लोकार्पण सम्पन्न हुआ। मंदिर का निर्माण स्वर्गीय श्री निरंजन लाल अग्रवाल एवं स्वर्गीय श्रीमती गंगा देवी अग्रवाल की पावन स्मृति में वंदना समूह द्वारा कराया गया, जबकि मंदिर में स्थापित दिव्य विग्रह श्री दीपक अग्रवाल एवं परिवार द्वारा अपने पूज्य पिताश्री स्वर्गीय श्री रामरिछपाल जी (पालिया सेठ) की पावन स्मृति में समर्पित किए गए।

इसी अवसर पर लगभग 160 गौवंशों की सुरक्षित एवं व्यवस्थित सेवा हेतु निर्मित गौशाला शेड क्रमांक–2 का लोकार्पण श्री रमेश अग्रवाल (GR Group) एवं उनकी धर्मपत्नी के करकमलों से सम्पन्न हुआ। यह शेड स्वर्गीय श्री गणपत राय अग्रवाल एवं स्वर्गीय श्रीमती पिस्तो देवी की पुण्य स्मृति में निर्मित किया गया है।
महायज्ञ में दानदाता सदस्यों के प्रतिनिधि यजमान के रूप में श्री कैलाश अग्रवाल एवं धर्मपत्नी, श्री अजय अग्रवाल एवं धर्मपत्नी तथा श्री दीपक अग्रवाल एवं धर्मपत्नी ने वैदिक विधि-विधान के अनुसार संपूर्ण धार्मिक अनुष्ठानों का श्रद्धापूर्वक निर्वहन किया।

अग्र सेवा सोसायटी के अध्यक्ष श्री कैलाश अग्रवाल ने बताया कि संस्था विगत कई वर्षों से मानव सेवा, सामाजिक कल्याण एवं निस्वार्थ गौसेवा के विविध कार्यों में सतत समर्पित है। तर्रा स्थित अग्र सेवा गौशाला का उद्देश्य निराश्रित, असहाय, बीमार एवं दुर्घटनाग्रस्त गौवंशों को सुरक्षित आश्रय प्रदान कर उनकी सेवा करना तथा समाज को गौसेवा जैसे पुण्य कार्य से जोड़ना है।
उन्होंने इस दिव्य आयोजन की सफलता के लिए सभी आजीवन सदस्यों, दानदाताओं, सहयोगियों, श्रद्धालुओं एवं प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग प्रदान करने वाले प्रत्येक व्यक्ति के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार गौसेवा एवं सामाजिक सेवा के कार्यों में सहभागिता का आग्रह किया।
यह प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव और शेड का उद्घाटन अग्र सेवा गौशाला के इतिहास का एक स्वर्णिम अध्याय सिद्ध हुआ, जिसने गौसेवा, धर्मसेवा एवं समाजसेवा के प्रति संस्था के संकल्प को और अधिक सुदृढ़ किया।




